April 8, 2020

कोरोना वायरस को लेकर अफवाहो में ना दें ध्यान, बचाव का रखें ख्याल ।

कोरोना वायरस के बढ़ते प्रकोप को देखते हुए पूरे देश में दहशत का माहौल है। तो वहीं इसको लेकर सरकार लोगों में जागरूकता लाने की पूरी कोशिश में जुटी हुई है। देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जागरूकता के साथ ही 22 मार्च को जनता कार्फ्यू में लोगों से सहयोग की बात की है। साथ ही लोगों ने किसी भी तरह की पैनिक वाली स्थिति नहीं बने इसके लिए लोगों ने लगातार जागरूकता को लेकर काम किया जा रहा है। तो कई सोशल मीडिया ग्रुपों के तहक कई बातों को लेकर लोगों के बीच भ्रम फैलना की  स्थिति भी देखने को मिल रही है जिसका पुलिस प्रशासन के साथ ही देश के जिम्माद लोगों के दृवारा उसका खंडन किया जा रहा है इसके बाद भी लोगों में पैनिक वाली स्थिति देखते को मिल रहा है।

इसके बावजूद लोग संयम और सावधानी बरतने की बजाय पैनिक होते दिख रहे हैं। सरकार स्पष्ट कर चुकी है कि कोरोना से भयभीत या फिर पैनिक होने की जरूरत नहीं है, बस खुद को भीड़-भाड़ वाली जगह से दूर रखना है और कुछ दिनों तक सोशल डिस्टेंस कायम रखना है। मगर फिर भी देश की बहुत बड़ी आबादी है जो सरकार की इस चेतावनी को धता बता रही है और कोरोना के खिलाफ जंग को कमजोर कर रही है। जिसके लिए लगातार कोशिश हो रही है कि लोग पैनिक ना हो उसके वावजूद भी।

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दरअसल, सरकार कोरोना वायरस के खतरे को देखते हुए एडवाइजरी जारी कर चुकी है कि लोग भीड़-भाड़ वाली जगहों से बचे। जब तक बहुत जरूरी नहीं हो, घर से बाहर न निकलें। मगर लोग हैं कि मानने का नाम ही नहीं ले रहे है। पीएम मोदी भी राष्ट्र के नाम संबोधन में कह चुके हैं कि अस्पतालों में जब तक इमरजेंसी न हो तब तक न जाएं और दैनिक जरूरत की चीजों की खरीदारी के लिए हड़बड़ी न करें। पीएम मोदी ने स्पष्ट कहा था कि देश में किसी भी चीज की कमी नहीं है और कोरोना को देखते हुए पैनिक बाईंग न करें। मगर इसके विपरीत नजारा कुछ और ही देखने को मिल रहा है।

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सूबे में तो कई जगह स्थिति ऐसी है जहां सरकार के एडवाजरी के बाद भी लोगों ने नियमों को ताक पर रख काम करने में जुटे हुए है। कई जगह बाजारों भारी भीड़ भी देखते को मिल रही है तो कई जगह लोगों ने सरकार के नियमों का माजाक बना कर रख दिया है। हलांकि इससे बचने की जरूरत है। क्योंकि भारत में इंडियन काउंसिल ऑफ़ मेडिकल रिसर्च के मुताबिक 21 मार्च, 2020 के सुबह दस बजे तक भारत में 14, 811 लोगों की जांच के बाद कोरोना वायरस के 271 मामलों की पुष्टि हुई है। वहीं भारत में एक रिपोर्ट के मुताबिक सिर्फ 70 अधिकारिक लैब हैं। जिसमें कोरोना की जांच की व्यवस्था है। लेकिन भारत सरकार का दावा है, कि 23 मार्च तक भरत में 2 ऐसे लैब तैयार किया जा रहा जिसमें 1 दिन में 1500 मरीजों का टेस्ट संभव हो पाएगा जिसके लिए 1 घंटे में एक टेस्ट रिपोर्ट तैयार किया जा सकता है। हलांकि अपनी क्षमता को देखते हुए भारत सरकार ने कोरोना के प्रकोप को पहले भी भाप तैयारी में जुटी हुई है। जिसके लिए लोगों को लोगों को अपनी सुरक्षा के साथ लोगों का भी ख्याल होना चाहिए। इसलिए इसकी जिम्मेदारी आपकी भी बनाती है।

 

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